: लखनऊ का चिड़ियाघर कुकरेल पर स्थानांतरित होगा
Mon, Dec 5, 2022
नवाब वाजिद अली शाह प्राणी उद्यान लखनऊ यानी कि लखनऊ का चिड़ियाघर अपने वर्तमान जगह से स्थानांतरित होकर कुकरेल बन छेत्र में स्थापित होगा बढ़ती आबादी व ध्वनि प्रदूषण मुख्य वजह बताई जा रही है जिसकी वजह से कुकरेल फॉरेस्ट क्षेत्र में चिड़ियाघर को स्थापित किया जाएगा 150 एकड़ में बनने वाले इस न चिड़ियाघर के साथ-साथ 350 एकड़ की नाइट सफारी बनाने का भी शासन का प्रस्ताव है प्राप्त जानकारी के अनुसार पिछले महा प्रदेश कैबिनेट कमेटी में यह प्रस्ताव पास हो चुका है और केंद्रीय चिड़ियाघर को भेजा गया है
इस संबंध में जानकारी देते हुए नवाब वाजिद अली शाह प्राणी उद्यान लखनऊ के निदेशक विष्णु कांत मिश्रा ने बताया है कि बढ़ती आबादी व ध्वनि प्रदूषण के कारण प्राणी उद्यान को कुकरेल फॉरेस्ट क्षेत्र के अंतर्गत 150 एकड़ की भूमि पर स्थापित करना प्रदेश सरकार की तरफ से प्रस्तावित है यह प्रस्ताव अनुमोदन हेतु केंद्रीय चिड़ियाघर को भेजा गया है साथ ही साथ कुकरेल क्षेत्र में 350 अकड़ मेन नाईट सफारी बनाने का भी प्रस्ताव है जब चिड़ियाघर नई जगह बनकर तैयार हो जाएगा तब यहां की जानवर वहां पर स्थानांतरित कर दिए जाएंगे उन्होंने जानकारी देते हुए बताया लखनऊ का चिड़ियाघर प्रदेश के प्राचीनतम चिड़िया घरों में से एक है यह 1921 को स्थापित किया गया था जिसमें 100 से अधिक प्रजातियो के 1000 से ज्यादा वन्य जीव एवं चिड़िया है जिसमें भालू बंदर मगरमच्छ शेर चीता हिरण एवं मांसाहारी हिंसक जीव आदि 1921 से लेकर के अब तक होने वाली तमाम पीढ़ियों के बचपन का मनोरंजन का केंद्र रहा है यह चिड़ियाघर नरही स्थित 29 हक्टर में फैला हुआ है शहर के बीचोबीच स्थित चिड़ियाघर के जानवरों को यातायात एवं ध्वनि प्रदूषण से बचाने के लिए कुकरेल वन क्षेत्र मे स्थापित
किया जाना प्रस्तावित है
: दिल्ली नगर निगम के चुनाव का प्रचार थमा मतदान 4 दिसंबर को
Fri, Dec 2, 2022
दिल्ली नगर निगम के त्रिकोणीय चुनावी मुकाबले में चुनाव प्रचार शुक्रवार शाम 6:00 बजे थम गया यहां भाजपा कांग्रेस और आप मित्र कोरियर संघर्ष देखने को मिल सकता है एमसीडी के 4 दिसंबर रविवार को होने वाले मतदान के लिए 250 बालों से 1349 उम्मीदवारों की किस्मत दांव पर है दिल्ली नगर निगम पर पिछले 15 वर्षों से बीजेपी की बादशाहद कायम है वहीं दिल्ली की सत्ता खोने के बाद कांग्रेस के लिए दिल्ली महानगर पालिका का चुनाव जीत कर अपने
राजनीतिक पारी का नई शुरुआत करना चाहती है जबकि आप दिल्ली की सत्ता के साथ-साथ एमसीडी की सीट पाने के लिए भी कोई कोर कसर नहीं छोड़ रही है तो उधर असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ए आई एम आई एम मुस्लिम वोटों पर नजर रखकर दिल्ली की गद्दी को फतेह करना चाहते हैं
अपने चिर परिचित अंदाज में ओवैसी की पार्टी ने जिस तरीके से मुस्लिम वोटों को लामबंद किया है उससे आप एवं कांग्रेस को मुस्लिम वोटों पर समीकरण गड़बड़ादे नजर आ रहा है इस त्रिकोणीय संघर्ष को ओवैसी के मुस्लिम वोटों की सेंधमारी ने भाजपा के लिए आसान बना दिया है क्योंकि कांग्रेस और आप दोनों ही राजनीतिक दल चुनावी माइलेज के लिए मुस्लिम वोटो के खेल हुआ बनते नजर आए हैं अब यह तो 4 दिसंबर का मतदान ही बताएगा किस चुनावी ऊंट किस करवट बैठता है लेकिन आपको बताते चलें एमसीडी के चुनाव में 250 पार्षद सीटों के लिए 1349 उम्मीदवार मैदान में हैं जिनमें 382 निर्दलीय प्रत्याशी है बीजेपी और आम आदमी पार्टी ने सभी 250 सीटों पर अपने अपने प्रत्याशी उतारे हैं जबकि कांग्रेस के 247 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं जेडीयू 23 सीटों पर चुनाव लड़ रही है तो ए आई एम आई आई एम ने 15 कैंडिडेट होते हैं बसपा ने 174 इंडियन मुस्लिम लीग ने 12 कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया ने 3 ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक ने 4 एनसीपी ने 29 और सपा लोक जनशक्ति पार्टी ने एक-एक सीट पर प्रत्याशी मैदान में उतारे हैं
दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने दिल्ली के अपने सातों सांसदों के साथ चुनाव प्रचार मैं अपनी पूरी ताकत झोंक दी है उनका साथ निभाने केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल हरदीप पुरी अनुराग ठाकुर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर धामी यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य सहित राष्ट्रीय स्तर के नेताओं ने भी चुनाव मैदान में जाकर उनका साथ निभाया है वहीं कांग्रेस और आप ने भी अपने राष्ट्रीय स्तर के दिग्गजों से चुनावी प्रचार की बागडोर संभल भाई है जिससे कि अपनी जीत की गिरी बंदी कर उसको सुनिश्चित किया जा सके अब देखना यह है कि किस राजनीतिक पार्टी की रणनीति कितना रंग लाती है यह तो 4 तारीख मतदान वाले दिन ही मालूम पड़ेगा
: गुजरात चुनाव:- शांतिपूर्ण तरीके से खत्म हुआ पहले चरण का मतदान
Fri, Dec 2, 2022
गुजरात विधानसभा चुनाव के पहले चरण में गुरुवार को मतदान संपन्न हुआ जिसमें 60 फ़ीसदी से ऊपर वोट डाले गए राज्य के 19 जिलों की 89 सीटों पर प्रदेश की जनता ने दिग्गजों की किस्मत का फैसला किया सुरक्षित
राज्य की कुल 182 सीटें के लिए पहले चरण का मतदान 89 सीटों पर 1 दिसंबर को संपन्न हुआ 93 सीटों पर 5 दिसंबर को मतदान होगा जबकि नतीजे 8 दिसंबर को आएंगे 788 प्रत्याशी इन 89 सीटों पर अपना भाग आजमा रहे हैं कांग्रेस से हस्तगत की 27 साल पुरानी बादशाहट को गुजरात में भारतीय जनता पार्टी बरकरार रखना चाहती है आप के नेता अरविंद केजरीवाल की माने तो राज्य की 90 सीटों से अधिक पर अपनी जीत दर्ज कर गुजरात में आप सरकार बनाने जा रही है इधर नेतृत्व परिवर्तन के बाद एवं राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा से कांग्रेसियों में भी नया जोश देखने को मिला है
पहले चरण की हुई राज्य के विधानसभा चुनाव में प्रदेश वासियों ने कई दिग्गजों की प्रतिष्ठा को अपने मतदान के माध्यम से आज सुरक्षित कर दिया है इसमें आपके सीएम कैंडिडेट यीशु दान गढवी द्वारका जिले की कंबलिया सीट से चुनावी मैदान में हैं आप के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल इटालिया सूरत के कटारगांव से उम्मीदवार है जामनगर उत्तर से क्रिकेटर रविंद्र जडेजा की पत्नी रीवाबा जडेजा तथा सूरत की अन्य 2 सीटों से गृहमत्री हर्ष संघवी का नाम शामिल है इन 89 सीटों पर 2017 के आम चुनाव में बीजेपी ने 48 सीटों पर तथा कांग्रेस ने 40 सीटों पर जीत दर्ज की थी जबकि एक सीट निर्दलीय उम्मीदवार को गई थी