: मां की आखिरी इच्छा पूर्ण करने के लिए बेटी ने अस्पताल के आईसीयू में की शादी
Tue, Dec 27, 2022
खबर बिहार के गया जिले से है जहां एक बेटी ने अपनी मां की आखिरी इच्छा पूरी करने के लिए आईसीयू में रचाई शादी और इस शादी में दोनों परिवारों के परिजनों के अलावा अस्पताल कर्मी भी शामिल हुए यहां एक प्राइवेट अस्पताल के ICU में एडमिट महिला मरीज की आखिरी इच्छा को पूरा करने के लिए बेटी ने आईसीयू में ही अपनी मां की आंखों के सामने सात फेरे लिए।हालांकि बेटी की शादी के दो घंटे बाद ही मां ने दम तोड़ दिया। इस शादी में न सिर्फ दूल्हा-दुल्हन के परिवार के लोग, बल्कि अस्पताल के कर्मी भी मौजूद रहे।जानकारी के मुताबिक, जिले के मजिस्ट्रेट कॉलेनी के सामने स्थित अर्श हॉस्पिटल में ये शादी कराई गई है। गुरारू प्रखंड के बाली गांव केनिवासी ललन कुमार की पत्नी पूनम कुमारी वर्मा कई दिनों से बीमार थी। सीरियस होने के बाद उन्हें अर्श हास्पिटल गया में भर्ती कराया गया था।पूनम वर्मा को भर्ती कराए जाने के बाद डॉक्टर ने कहा कि मरीज की हालत गंभीर है और किसी भी समय मौत हो सकती है। ऐसी हालत में मरीज पूनम कुमारी वर्मा ने परिजनों के सामने शर्त रख दी कि उनकी बेटी चांदनी कुमारी की शादी उनके जिंदा रहते हो
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: क्रिसमस की हर्ष उल्लास के साथ अटल बिहारी वाजपेई एवं मदन मोहन मालवीय का जन्म दिवस मनाया गया
Mon, Dec 26, 2022
लखनऊ: 25 दिसम्बर, 2022मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज यहां आजादी के अमृत महोत्सव की श्रृंखला में लोक भवन पर डायनमिक फसाड लाइटिंग का लोकार्पण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन अत्यन्त महत्वपूर्ण है। दुनिया में क्रिसमस का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया जा रहा है। आज पूरा देश पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयन्ती को सुशासन दिवस के रूप में मना रहा है। महान शिक्षाविद व समाजसेवी पं0 मदन मोहन मालवीय जी की भी आज जयन्ती है।
11 अगस्त, 2022 को विधान भवन में फसाड लाइटिंग का कार्य पूरा हुआ था। तब से लखनऊवासियों और लखनऊ आने वाले पर्यटकों व नागरिकों के लिए उत्तर प्रदेश का विधान भवन आकर्षण का केन्द्र बना हुआ है। उत्तर प्रदेश विधान भवन के बाद लोक भवन प्रदेश की व्यवस्था के संचालन का केन्द्र बिन्दु है। लोक भवन मुख्य रूप से मुख्यमंत्री कार्यालय और सचिवालय के रूप में कार्य करता है। लोक भवन में फसाड लाइटिंग राष्ट्रीय पर्वों पर की जाती रही है। फसाड लाइटिंग की व्यवस्था न केवल इन भवनों के सौन्दर्य को बढ़ाती है, बल्कि इससे आम जनमानस के मन में शासन की सकारात्मक छवि भी बनती है, लोगों के मन में सकारात्मक भाव जागृत होता है।भारतीय संस्कृति में प्रकाश को ज्ञान के प्रतीक के रूप में माना गया है। प्रकाश, हमेशा हमें आगे बढ़ने व सकारात्मक सोच के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित करता है। प्रदेश सरकार का प्रयास है कि लोक महत्व व शासन-प्रशासन से जुड़े भवनों व पर्यटक स्थलों को फसाड लाइटिंग से जोड़कर आकर्षक बनाया जाए। इन भवनों को सकारात्मक ऊर्जा के केन्द्र के रूप में विकसित करके आम जनमानस के मन में उत्तर प्रदेश की छवि को विकासोन्मुख प्रदेश के रूप में आगे बढ़ाएंगे।
डायनमिक फसाड लाइटिंग के लोकार्पण अवसर पर नेपथ्य में राष्ट्रगीत और श्रद्धेय अटल जी की कविताएं गुंजायमान रहीं।इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, केन्द्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री कौशल किशोर, प्रदेश के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, मत्स्य मंत्री संजय निषाद, सहकारिता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जे0पी0एस0 राठौर, नगर विकास राज्यमंत्री राकेश राठौर गुरु, लोक निर्माण राज्यमंत्री बृजेश सिंह, ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजय लक्ष्मी गौतम, पूर्व मंत्री आशुतोष टण्डन, लखनऊ की महापौर संयुक्ता भाटिया सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण, मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र, कृषि उत्पादन आयुक्त मनोज कुमार सिंह, सलाहकार मुख्यमंत्री अवनीश कुमार अवस्थी, अपर मुख्य सचिव सचिवालय प्रशासन श्री हेमन्त राव, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री, गृह व सूचना श्री संजय प्रसाद, प्रमुख सचिव नगर विकास अमृत अभिजात, सूचना निदेशक शिशिर, अपर सूचना निदेशक अंशुमान राम त्रिपाठी सहित
: नोएडा एसएचओ का गुड वर्क लावारिस अबोध बच्ची को दिया आश्रय
Sun, Dec 25, 2022
हमेशा सुर्खियों में रहने वाली उत्तर प्रदेश की पुलिस कानून व्यवस्था को कायम रखने के लिए अपने सख्त
चेहरे के रूप में जानी जाती है लेकिन जब वह मानवीय आधार पर उच्च आदर्शों को अपने गुड वर्क के माध्यम से स्थापित करती है जो समाज के अन्य लोगों के लिए प्रेरणा का आधार बनती है इसी प्रकार की एक मिसाल ग्रेटर नोएडा के एसएचओ विनोद सिंह तथा उनकी पत्नी ज्योति सिंह ने दिया है दरअसल ग्रेटर नोएडा के एक नॉलेज पार्क थाना क्षेत्र में 20 दिसंबर को एक नवजात बच्ची मिली जिसकी की सर्दी से हालत बेहद नाजुक थी जिसको उन्होंने ना केवल आश्रय दिया बल्कि उसके माता-पिता ना मिल जाने तक उसकी देखरेख करने की प्रतिबद्धता भी जताई
20 दिसंबर की रात ग्रेटर नोएडा की एकनॉलेज पार्क की थना पुलिस को झाड़ी में पड़े किसी लावारिस बच्ची के बारे में पता लगा तो आनन-फानन में पुलिस वहां पहुंची और उसको अस्पताल में भर्ती कराया गया
बाद मैं बच्ची की हालत के बारे में थाने के एसएचओ विनोद सिंह की पत्नी ज्योति सिंह को खबर लगी. एसएचओ विनोद सिंह ने पत्नी से बच्चे को फीडिंग कराने के लिए कहा. इस पर उनकी पत्नी ज्योति तुरंत तैयार हो गईं और बच्ची को फीडिंग कराई. ज्योति कहती हैं कि बच्ची को बहुत ज्यादा ठंड लग चुकी थी, इसलिए उसे गर्माहट देने के लिए काफी देर तक उसे अपने पास रखा. इससे उसे आराम मिला. कुछ देर बाद बच्ची को अस्पताल में भर्ती करवा दिया गया. फिलहाल बच्ची की हालत ठीक बताई जा रही है.इस साल अगस्त में एसएचओ विनोद सिंह और उनकी पत्नी ज्योति माता-पिता बने हैं. उनका साढ़े 3 महीने का बेटा है. ज्योति बताती हैं कि उन्हें बच्चों से बहुत लगाव है. शादी से पहले वो टीचर थीं. बच्चों के लिए वो ज्यादा संवेदनशील रहती हैं. ज्योति बताती हैं कि जब उनको इस नवजात बच्ची के बारे में पता चला तो उन्हें इसे झाड़ियों में फेंकने की घटना को लेकर बहुत गुस्सा आया. ज्योति ने बच्ची को कपड़े पहनाए.
एसएचओ बोले- बच्ची की मां के बारे में पता लगाने की हो रही है कोशिश
एसएचओ विनोद सिंह बताते हैं कि बच्ची की मां और परिवार को ढूंढ़ने की लगातार कोशिश की जा रही है. आसपास के अस्पतालों में भी पूछताछ की गई है. जब तक बच्ची के माता-पिता नहीं मिल जाते, तब तक उसका पूरा ख्याल रखा जाएगा.